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8% राहत बॉंड योजना/Relief Bond Scheme

8. कर रियायत:

  • आय कर: बॉंड पर ब्याज आयकर अधिनियम, 1961 के अंतर्गत कर मुक्त है.
  • संपत्ति कर: बॉंड संपत्ति कर अधिनियम के अंतर्गत संपत्ति कर से मुक्त होगा.

9. जहां बॉंड फॉर्म की गैर -उपलब्धता अथवा बॉंड की अन्य शर्तों के कारण अंशदान की प्राप्ति पर तुरंत जारी नहीं हो सकता है, प्राप्तकर्ता कार्यालय उसके द्वारा प्रस्तुत अंशदान की कीमत के लिए अंशधारक के पक्ष में एक अस्थायी पावती जारी करेगा. पावती बॉंड संग्रह के समय सभी धारकों द्वारा विमुक्त की जायेगी.

10. अंतरणता

  • बॉंड लेजर खाता की प्रकृति में निर्धारित फॉर्म में एक अंतरण डीड निष्पादन द्वारा अंतरित होगा. तथापि, अंतरण जब तक पूर्ण नहीं माना जायेगा जब तक अंतरिती निर्गम कार्यालय में बॉंड धारक के तौर पर पंजीकृत नहीं हो जाता है. एक नया बॉंड लेजर खाता अंतरणकर्त्ता के बीएल खाता को बन्द करते हुए शेष अवधि के लिए अंतरणकर्त्ता के नाम में खोला जायेगा.
  • वचन पत्र की प्रकृति में बॉंड पृष्ठांकन एवं सुपुर्दगी द्वारा अंतरित होगा.

11. उपर्युक्त 2 पैराग्राफ के प्रावधान के अतिरिक्त, एक बॉंड एक बैंकिंग कंपनी, भारतीय स्टेट बैंक, सहायक बैंक, प्रतिनिधि नया बैंक एवं बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 में परिभाषितानुसार कॉपरेटिव बैंक अथवा क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक अधिनियम, 1976 के खंड 3 के अंतर्गत स्थापित क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक, यदि ऐसे बॉंड की प्रतिभूति के विरूद्ध अग्रिम प्राप्त करने के सीमित उद्देश्य के लिए इस पैराग्राफ के उप पैराग्राफ (I) एवं (II) के अंतर्गत अंतरित बॉंड.

12. गिरवी

ऐसे बॉंड प्रतिभूति के विरूद्ध अग्रिम प्राप्त करने के उद्देश्य हेतु बैंकों के साथ गिरवी किए जा सकते हैं.

13. अनिवासी भारतीय योजना में निवेश करने के लिए पात्र हैं (विनिमय नियामक विनियमन के अधीन).

14. नामांकन:

  • एक बॉंड के एकल धारक अथवा एकल उत्तरजीवी धारक, एक वैयक्तिक होने के कारण इस आवेदन को एक भाग में एक अथवा अधिक व्यक्तियों को नामित कर सकता है जो उसकी मृत्यु के बाद बॉंड एवं उसके भुगतान का हकदार होगा.
  • जहां कोई राशि दो अथवा अधिक वारिसों को भुगतान योग्य हो एवं ऐसे देय भुगतान से पूर्व उनमें से किसी एक की मृत्यु हो जाती है, बॉंड का शीर्षक उत्तरजीवी नामिती अथवा नामितों में निहित होगा तथा इसमें देय सभी का भुगतान तदनुसार किया जाएगा. धारक के मरने से पूर्व नामिती अथवा नामितियों के मामले में, धारक नया नामांकन कर सकता है.
  • एक अवयस्क के नाम जारी बॉंड के मामले में नामांकन नहीं होगा.
  • बॉंड धारक द्बारा किया गया एक नामांकन भाग बी अथवा इसके करीब एक नया पुष्टिकृत हो सकता है अथवा आवेदन फॉर्म अनुलग्न सी में भारतीय रिजर्व बैंक के लोक ऋण कार्यालय को लिखित में नोटिस देकर निरस्त किया जा सकता है.
  • प्रत्येक नामांकन एवं प्रत्येक निरस्तीकरण अथवा विभिन्नता भारतीय रिजर्व बैंक के लोक ऋण कार्यालय में पंजीकृत होगा जहां बॉंड जारी हुआ है और ऐसे पंजीकरण की तारीख से प्रभावी होगा.
  • यदि नामिती अवयस्क है, बॉंड का धारक बॉंड/नामिती की अवयस्कता के दौरान उसकी मृत्यु की घटना में देय राशि प्राप्त करने के लिए किसी भी व्यक्ति को नामित कर सकता है.
  • इस पैराग्राफ में उल्लिखित प्रावधान एक व्यक्ति द्वारा धारित बॉड लेजर खाता की प्रकृति में जारी बॉंड के लिए लागू होगा.
  • नामांकन सुविधा संयुक्त रूप से अथवा एचयूएफ के नाम में अथवा अवयस्क अथवा सरकारी वचन पत्र की प्रकृति में धारित बॉंड के मामले में उपलब्ध नहीं है.

15. किसी भी आय स्रोत पर कटौती नहीं.


16. फॉर्म की उपलब्धतता :

फॉर्म भारतीय रिजर्व बैंक के कार्यालयों, भारतीय स्टेट बैंक एवं इसकी अनुषंगियों की अधिकृत शाखाओं तथा राष्ट्रीयकृत बैंकों की निर्धारित शाखाओं में उपलब्ध हैं.

17. दलाली :

भारतीय रिजर्व बैंक के साथ पंजीकृत दलालों इसी तरह पी.पी.एफ. एवं यू.टी.आई. एजेंट को भी रु. 1/- (एक रुपया मात्र) प्रति रु. 100/- की दर से भुगतान किया जाएगा जिन्हें भारतीय रिजर्व बैंक के पावती कार्यालयों के साथ स्वयं नामित कराना पड़ेगा. दलाली पुनर्निवेश पर अनुमत होगी.

राहत बॉंड के लिए आवेदन भरने हेतु अनुदेश-

  • बॉंड के लिए आवेदन न्यूनतम रु. 100/- एवं इसके गुणांक में होना चाहिए.
  • बॉंड के लिए आवेदन इसके साथ संलग्न फॉर्म के भाग-ए अथवा इसमें उल्लिखित स्पष्ट राशि की गणना की तरह कोई अन्य फॉर्म तथा आवेदक का पूरा नाम एवं पता होगा.
  • भारतीय रिजर्व बैंक कार्यालय/ निर्धारित बैंक शाखाओं पर आवेदन जमा करने से पूर्व, निवेशकों के लिए आवश्यक है कि यह सुनिश्चित करें कि फॉर्म उचित प्रकार से भरें क्योंकि अपूर्ण आवेदन निरस्त योग्य होंगे.
  • आवेदन के साथ नकद/बैंक ड्राफ्ट अथवा चेक में आवश्यक भुगतान द्वारा सलग्न होना चाहिए. चेक/मांग ड्राफ्ट अथवा चेक के पक्ष में आहरित होने चाहिए-
    1. भारिबैं जब भारिबै कार्यालयों में जमा किया गया है.
    2. प्राप्तकर्त्ता बैंक जब निर्धारित बैंक शाखाओं एवं रेखांकित खाता अदाकर्ता में जमा किया गया. “बाहरी चेक स्वीकार्य नहीं होंगे”. निवेशकों को भुगतान के लिए अस्थायी पावतियां जारी होंगी जो(पीछे विधिवत उन्मोचन हो) बाद में बॉंड के लिए बाद में अदला-बदली होगी.
  • निवेशक बॉंड जारी अथवा सरकारी वचन पत्र अथवा बॉंड लेजर खाता हेतु फॉर्म के बारे में स्पष्ट रूप से उल्लेख करें.
  • यह प्रदर्शित होना चाहिए क्या ब्याज विकल्प ए के अंतर्गत अर्थात, अर्द्धवार्षिक आधार (वचन पत्र के मामले में) पर पूर्व दिनांकित ब्याज वारंट के माध्यम से अथवा विकल्प “बी” के अंतर्गत अर्थात परिपक्वता पर संचयी भुगतान करना आवश्यक है. विकल्प का चयन एक बार करने पर अंतिम माना जाएगा और यदि कोई विकल्प नहीं दिया है तो आवेदन विकल्प “ए” के अंतर्गत माना जायेगा अर्थात, ब्याज अर्द्धवार्षिक देय होगा तथा आवेदन तदनुसार प्रसंस्कृत हो जाएगी.
  • कृपया आवेदन में आवेदक/अवयस्क/एचयूएफ कर्ता का नाम बड़े अक्षरों में उपयुक्त स्थान पर भरें. सही पता पिनकोड सं. सहित दिया जाना चाहिए. नामिती का पूरा नाम बड़े अक्षरों में भी प्रदर्शित किया जाना चाहिए.
  • निवेशक के लिए आवश्यक है कि मूल्यवर्गवार अलग-अलग विवरण आवेदन फॉर्म में समुचित स्थान पर भरें जिसमें उन्हें बॉंड प्राप्त किया जाना है (न्यूनतम रु.1000/- के अधीन एवं पुन: गुणांक में).
  • स्थान (शहर का नाम) जहां निवेशक अर्द्धवार्षिक /परिपक्वता पर ब्याज आहरित करना चाहता है आवेदन फॉर्म में उचित स्थान पर प्रदर्शित करना चाहिए.
  • आवेदन फॉर्म में नामांकन अन्य विकल्प फॉर्म में नहीं बल्कि केवल उचित स्थान पर भरना चाहिए.
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